मैंने कब कहा कीमत समझो तुम मेरी, हमें बिकना ही होता तो यूँ तन्हा ना होते।। Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps December 27, 2014 Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps Comments
ये आशा... May 07, 2014 ये आशा है दिल को मेरे तु ईक दिन पुकारेगा । दिल मेरे समा के सिने से मुझे लगा के। मेरे गम को खुशी मे, सवारेगा,..... Krishna बेदर्दी © Read more
ईश्क की गहराई.. April 09, 2014 दिल आज भी तुझपे फिदा है। पर तु दिल से जुदा है। क्यों देता है तू जुदाई । दिल पे तरस नही आई ? मेरे पास है अब सिर्फ रुसवाई । ऐ बेवफा ना कर बेवफाई। इक दिन रुक जायेगी सांसें। गर ना समझी मेरे ईश्क की गहराई। मिस यु वेरी मच........ Read more
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